मोहित मोदनवाल: सुल्तानपुर का वह सितारा जिसने मुंबई में मचाई धूम

भारतीय संस्कृति का एक बेहतरीन हिस्सा है संगीत। माहौल चाहे खुशी का हो या दुख का, हम भारतीय उसे संगीत के द्वारा बयां करते हैं। शायद यही कारण है कि भारत ने एंटरटेनमेंट इंडस्ट्री को कई महान गायक एवं संगीतकार दिए हैं। इन्हीं में से एक है सुल्तानपुर में जन्मे मोहित मोदनवाल जिन्होंने अपनी सुरीली आवाज से लाखों लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया है। द सेलेब लाइफ से बातचीत के दौरान मोहित ने अपने इस सफर के कुछ किस्से शेयर किए-

शुरुआती दिन-

मोहित मोदनवाल का जन्म 30 मई, 1992 को उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर शहर में हुआ था। मोहित मोदनवाल ने अपनी ग्रेजुएशन लखनऊ यूनिवर्सिटी से की। मोहित ने संगीत में बनारस घराना के उस्ताद अनिल मिश्रा से ट्रेनिंग मिली और वहीं से मोहित की संगीतमय दिनों की शुरुआत हुई।

सफर-

मोहित मोदनवाल के पिता एक मिठाई की दुकान चलाते थे। मोहित मोदनवाल एक लोअर मिडल क्लास फैमिली से थे और एक कलाकार के लिए ऐसे परिवार में पलना थोड़ा मुश्किल हो जाता है।स्कूल की पढ़ाई पूरी करने के बाद मोहित ने अपना घर छोड़ने के लिए अपने घर वालों को कहा कि वह गवर्नमेंट सर्विसेज की पढ़ाई करना चाहते हैं। बाद में मोहित मोदनवाल को यह एहसास हुआ कि उनको अपने सपने सच करने के लिए बहुत परिश्रम करना पड़ेगा। बाद में मोहित के परिवार वालों को यह पता चल गया कि वह म्यूजिक में भविष्य बनाने का सपना देख रहे है जिसके बाद में मोहित के पिता ने तो उनका साथ नहीं दिया लेकिन मोहित की मां ने मोहित को हमेशा सपोर्ट किया। मोहित की संगीत विद्यालय के पास ही एक थिएटर था जहां पर मोहित कई बार जाया करते थे। इसके बाद मोहित मोदनवाल को यह एहसास हुआ कि वह एक्टिंग भी कर सकते हैं।

2013 में मोहित ने एक एक्टर के तौर पर काम करने का सोचा और ऑडिशन देने चले गए। वह ऑडिशन उन्होंने एक प्राइम टाइम शो के लिए दिया था जो कि एक बहुत बड़े चैनल पर आने वाले थे। बाद में मोहित मोदनवाल को मुंबई बुला दिया गया था।

मुंबई आने के बाद मोहित ने जाना कि सब कुछ वैसा ही नहीं होता जैसा हमें लगता है। मोहित मोदनवाल का शो जब खत्म हो गया था तब उनके पास बिल्कुल रुपए नहीं बचे थे। उन्होंने बहुत मुश्किल से अपने टिकट के रुपए बचा के रखे। बाद में मोहित मोदनवाल अपने संगीत को आगे ले जाने के लिए लखनऊ आ गए। बाद में मोहित के मन में डायरेक्टर बनने के लिए भी रुचि पैदा हुई और उन्होंने दूरदर्शन के साथ कई प्रोजेक्ट में असिस्टेंट डायरेक्टर के रूप में काम भी किया।

मोहित मोदनवाल ने कई ड्रामा और प्ले में बैकग्राउंड स्कोर दिया। बाद में मोहित मोदनवाल ने अपने रूममेट के साथ में एक बैंड बनाया जिसका नाम ‘परमार्थ’ रखा गया। मोहित ने याद करते हुए बताया कि गायक अमित सिंह थे, मनीष बेसिस्ट थे, अजय ड्रम बजाते थे, प्रशांत गिटार बजाते थे और दीपांकर पियानो बजाते थे। शुरुआत में तो उनका बैंड समारोह में बिना कुछ पैसे शो किया करते थे लेकिन एक बार उनको ऐसा शो ऑफर हुआ जिसका उन्हें भुगतान मिल रहा था।

बाद में बहुत सालों तक मोहित ने अपने बैंड को चालू रखा लेकिन बाद में अचानक कुछ कारणों से उन्हें अपना बैंड बंद करना पड़ा। 2016 में मोहित मोदनवाल अपनी किस्मत आजमाने के लिए फिर से एक बार मुंबई चले आए। मोहित ने करीब 2 महीनों तक ऑडिशन दिया और उनकी करीब-करीब सारी बचत खत्म होने लगी, मोहित ने बताया कि उन्होंने एक बार किसी से मजाक की कि वह गिटार बजाते हैं और बाद में मोहित ने उस व्यक्ति के साथ काम भी किया था। मोहित मोदनवाल ने एक छोटे से रेस्टोरेंट से काम शुरू किया और उनकी यात्रा की असली शुरूआत वहीं से हुई।

मोहित मोदनवाल ने हमें बताया कि जब उन्हें एक बैंड ‘डैक्स’ का ऑफर मिला तब उन्होंने अपने आप को एक बेसिस्ट बनाया था जो कि असल में वह थे नहीं। इस बैंड को तन्मय समानता, हीमेन बग्गा और सूरज कश्यप ने मिलकर बनाया था। इस बैंड के बहाने ही मोहित मोदनवाल मुंबई रुक गए। बाद में उस बैंड को एक बहुत बड़ी इवेंट मैनेजमेंट कंपनी विजक्राफ्ट इंटरनेशनल द्वारा माननीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सामने परफॉर्म करने का मौका मिला जोकि प्रेसिडेंट ऑफ अफगानिस्तान को अमृतसर में होस्ट कर रहे थे। मोहित मोदनवाल ने बताया कि वह अपनी ही परफॉर्मेंस में से 10 मिनट का समय लेते थे ताकि वह दर्शकों के साथ इंटरेक्ट कर सके। उन्होंने बताया कि कई बार दर्शक केवल मोहित को परफॉर्म करते हुए देखने आते थे।

बाद में मोहित मोदनवाल ने एक सोलो आर्टिस्ट की तरह भी काम किया जिसमें उन्हें बहुत अच्छा रिस्पांस मिला। मोहित को हमेशा से इसी चीज का इंतजार था। इसके बाद में मोहित ने अपना खुद का एक बैंड बनाया जिसका नाम उन्होंने ‘मोहित मोदनवाल’ रखा। यह बैंड कई फेस्ट में परफॉर्म कर चुका है। मोहित ने बताया कि पिछले 2 सालों में वह सोलो परफॉर्म करते हुए आए हैं और उन्होंने तीन सौ से ज्यादा शो में दर्शकों को एंटरटेन किया है।

टर्निंग प्वाइंट और सपने-

मोहित मोदनवाल ने बताया कि 2017 में उन्होंने जब नए सिरे से शुरुआत की तब वह बिल्कुल अकेले थे एवं वह सोलो परफॉर्म करते थे। मोहित ने बताया कि वह बहुत से लोगों का शुक्रिया अदा करना चाहते हैं। मोहित अपूर्व श्रीवास्तव जो कि उनके मैनेजर एवं उनके मित्र है उनके अलावा कई लोगों का शुक्रिया अदा करना चाहते हैं जिसमें दीपू जावड़ा, रुशेल च्ल्से, हर्ष मेहता, अभिषेक सिंह, ईश्वर दिवेदी, हर्ष गौतम, शुभ कुंडू, कमल, स्नेहल मंडुलकर, अर्शिया, दर्ष खड़गे, अर्जुन सिंह, कबीर ठाकुर, आलोक नंदा, और डैंक भी शामिल है। इनके अलावा मोहित अपने मैनेजर्स और उनकी कंपनी आर्टिस्ट अड्डा और लाइव 101 को भी धन्यवाद करना चाहते हैं।

अपने सपनों की बात करते हुए मोहित ने बताया कि वह अपना खुद का म्यूजिक बनाना चाहते हैं। मोहित ने यह भी बताया कि वह अपने लाखों फैंस के सामने परफॉर्म करना चाहते हैं। मोहित ने बताया कि वह चाहते हैं कि उनका म्यूजिक हर सेलिब्रेशन का हिस्सा बने। जब लोग दुखी हो या उन्हें इंस्पिरेशन की जरूरत हो तब उनका म्यूजिक उन लोगों के काम आए।

इंस्पिरेशन और अपकमिंग प्रोजेक्ट्स-

मोहित मोदनवाल बॉलीवुड डायरेक्टर तिग्मांशु धूलिया से बहुत प्रेरणा लेते हैं एवं वह उनकी फिल्म के लिए गाना भी चाहते हैं। मोहित ने यह स्वीकारा कि वह म्यूजिशियन से ज्यादा डायरेक्टर को फॉलो करते हैं। वैसे मोहित हॉलीवुड गायक चार्ली पुथ से भी बहुत प्रेरित है।

अपने आने वाले प्रोजेक्ट पर बात करते हुए मोहित मोदनवाल ने बताया कि जल्द ही उनके तीन प्रोजेक्ट रिलीज होने वाले हैं जिसमें से एक प्रोजेक्ट ऋषि कपूर को समर्पित होगा

खास संदेश-

मोहित के परिवार वालों ने उनका हमेशा बहुत साथ दिया है। मोहित के परिवार वालों के अलावा उनके कुछ मित्र जिसमें अतुल श्रीवास्तव, कैरी रेंस, रोहित उटेकर, सौरभ, मयूर पाटिल, विवियन, सौरव, अमित सिंह, हया हसन, कीर्तिका बुडेन, ज्योति पांडे और अनिकेत ने भी बहुत सपोर्ट किया है। मोहित इन सब का बहुत-बहुत शुक्रिया अदा करना चाहते है।

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *